उसका रूप अत्यंत सुंदर होता है,उसके शरीर हमेशा सुगंध से महकता रहेता है। उसकि आंखो मे देखने से साधक अपना सबकुछ भुल जाता है और परी का दिवाना हो जाता है। सबसे ज्यादा इसके गाल खुबसूरत होती हैं जब वो स्पर्श करती है तो येसे लगता है जैसे सारी ख्वाहिश पुर्ण हो गयी हो,उनका शरीर हमेशा थंडा होता है और वो जब